रायगढ़. जिंदल स्टील लिमिटेड ने सीएसआईआर-केंद्रीय सड़क अनुसंधान संस्थान (CSIR-CRRI) के सहयोग से प्रसंस्कृत स्टील स्लैग एग्रीगेट्स का उपयोग करके दुनिया की सबसे लंबी सड़क का निर्माण किया है, जिसके लिए कंपनी को गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स का खिताब दिया गया है। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में बनी इस 1.85 किलोमीटर लंबी चार लेन सड़क के निर्माण में लगभग दो लाख टन प्रसंस्कृत स्टील स्लैग का उपयोग किया गया है। इस्पात निर्माण के दौरान निकलने वाले इस उप-उत्पाद का उपयोग करने से न केवल पारंपरिक प्राकृतिक गिट्टी की जगह एक मजबूत विकल्प मिला है, बल्कि खदानों पर निर्भरता में भी कमी आई है।
केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री जितेंद्र सिंह और जिंदल स्टील के अध्यक्ष नवीन जिंदल ने इस उपलब्धि को भारतीय नवाचार, सर्कुलर इकोनॉमी और ‘वेस्ट-टू-वेल्थ’ की दिशा में एक बड़ा कदम बताया है। पारम्परिक बिटुमेन (डामर) सड़कों की तुलना में स्टील स्लैग से बनी सड़कें 30 से 40 प्रतिशत तक अधिक किफायती हैं और इनकी उम्र सामान्य सड़कों से तीन गुना ज्यादा होती है। 2030-31 तक भारत के 300 मिलियन टन इस्पात उत्पादन लक्ष्य के साथ स्टील स्लैग का उत्पादन 60 मिलियन टन तक पहुंचने का अनुमान है, जिसे देखते हुए केंद्र सरकार राष्ट्रीय स्तर पर राजमार्ग निर्माण में इस स्वदेशी तकनीक के बड़े पैमाने पर उपयोग को बढ़ावा दे रही है।
